महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने को NCW सख्त, राज्यों को दिए निर्देश

नई दिल्ली: देशभर में महिलाओं की सुरक्षा और सम्मानजनक कार्यस्थल सुनिश्चित करने के लिए राष्ट्रीय महिला आयोग ने कड़ा रुख अपनाया है। आयोग ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को निर्देश जारी करते हुए कार्यस्थलों पर यौन उत्पीड़न रोकथाम कानून के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए वार्षिक जांच, निगरानी व्यवस्था और शिकायत निवारण प्रणाली को अनिवार्य रूप से मजबूत करने को कहा है।
आयोग का मानना है कि महिलाओं के लिए सुरक्षित कार्य वातावरण न केवल उनका अधिकार है, बल्कि समावेशी और प्रगतिशील समाज की बुनियादी आवश्यकता भी है।
राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजय रहाटकर ने कहा कि किसी भी महिला को अपनी गरिमा और आजीविका के बीच चयन करने के लिए मजबूर नहीं होना चाहिए। प्रत्येक कार्यस्थल सुरक्षा, सम्मान और समान अवसर का केंद्र होना चाहिए।
आयोग ने राज्यों को निर्देश दिया है कि यौन उत्पीड़न रोकथाम कानून के अनुपालन की निगरानी के लिए राज्य स्तर पर निगरानी कक्ष और डिजिटल निगरानी पटल स्थापित किए जाएं। साथ ही दस या उससे अधिक कर्मचारियों वाले सभी संस्थानों में वार्षिक जांच अनिवार्य रूप से कराई जाए।
सलाह में प्रत्येक जिले में जिला अधिकारियों की नियुक्ति, सभी सरकारी एवं निजी संस्थानों में आंतरिक शिकायत समितियों का गठन, असंगठित क्षेत्र की महिलाओं के लिए स्थानीय समितियों को मजबूत बनाने तथा शिकायत निवारण प्रक्रिया को अधिक प्रभावी बनाने पर विशेष बल दिया गया है।



